Site icon

CG : कामता प्रसाद सोनकर ने धान बिक्री से प्राप्त राशि से वे अपने कृषि संबंधी ऋण चुका पाएंगे…

final logo copy

24 घंटे ऑनलाइन टोकन व्यवस्था से किसान को मिली बड़ी राहत

दुर्ग । खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में किसानों की सुविधा और हितों को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार द्वारा लागू की गई ‘तंुहर टोकन मोबाइल ऐप’ आधारित 24 घंटे ऑनलाइन टोकन व्यवस्था जिले में सफलतापूर्वक संचालित की जा रही है। इस नई व्यवस्था के तहत किसान अब घर बैठे ही कभी भी धान बिक्री के लिए टोकन प्राप्त कर पा रहे हैं।

इस प्रणाली ने धान खरीदी प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी, समयबद्ध और सुगम बना दिया है। पहले जहां किसानों को टोकन प्राप्त करने के लिए घंटों लाइन में लगना पड़ता था, वहीं अब मोबाइल ऐप के माध्यम से यह कार्य आसानी से हो रहा है। इससे न केवल किसानों का समय बच रहा है, बल्कि संसाधनों की भी बचत हो रही है।

इस व्यवस्था का लाभ आज खुड़मुड़ा निवासी किसान कामता प्रसाद सोनकर को मिला। उन्होंने घुघवा उपार्जन केंद्र में ‘तंुहर टोकन ऐप’ के माध्यम से धान बिक्री हेतु टोकन लिया, जिसमें 63.20 क्विंटल धान की मात्रा दर्ज थी। केंद्र में उनकी धान की तौल सुचारू रूप से और बिना किसी परेशानी के की गई। जिले के सभी उपार्जन केंद्रों में मोटा, पतला और सरना किस्म के धान की खरीदी नियमित रूप से जारी है।

साथ ही, धान के समर्थन मूल्य की दर सूची भी केंद्रों पर स्पष्ट रूप से चस्पा की गई है, ताकि किसानों को पूरी पारदर्शिता के साथ उनकी उपज का उचित मूल्य मिल सके। कामता प्रसाद सोनकर ने बताया कि धान बिक्री से प्राप्त राशि से वे अपने कृषि संबंधी ऋण चुका पाएंगे।

उन्होंने प्रशासन का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस वर्ष धान खरीदी की प्रक्रिया इतनी सरल बना दी गई है कि किसानों को अब टोकन को लेकर किसी प्रकार की परेशानी नहीं हो रही है। पूरी जानकारी उन्हें समय पर और पारदर्शिता के साथ मिल रही है। 24 घंटे ऑनलाइन टोकन और सुव्यवस्थित धान खरीदी व्यवस्था ने किसानों के लिए एक नई सुविधा तैयार किया है, जिससे वे अपनी फसल का उचित मूल्य प्राप्त कर पा रहे हैं।

Exit mobile version