वनचेतना मनगटा मार्ग स्थित ग्राम बघेरा के प्रसिद्ध बाबा मरस पोटा धाम में पवित्र श्रावण मास श्रद्धा, भक्ति और अपार उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। धाम परिसर में प्रतिदिन भगवान शिव का रुद्र महाभिषेक, धार्मिक यज्ञ एवं विशाल भंडारा प्रसादी का भव्य आयोजन किया जा रहा है।
इस महोत्सव में राजनांदगांव ही नहीं, बल्कि संपूर्ण छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु अपने परिवार के साथ पहुंचकर पुण्य लाभ ले रहे हैं। बाबा मरस पोटा धाम के संरक्षक राकेश श्रीवास्तव ने बताया कि राजनांदगांव से लगभग 16 किलोमीटर दूर प्राकृतिक वातावरण में स्थित इस धाम में प्रतिदिन धार्मिक अनुष्ठान चल रहे हैं। महापुराण कथा व्यास व भागवताचार्य पंडित खिलेश कृष्ण दुबे के मार्गदर्शन में 12 ज्योतिर्लिंगों के दर्शन करने वाले श्रद्धालुओं के द्वारा प्रतिदिन विधि-विधान से रुद्र महाभिषेक कराया जा रहा है। सावन मास के इस विशेष यज्ञ में हर दिन भक्त परिवार सहित शामिल होकर आहुतियां दे रहे हैं।
अब तक 40 कन्याओं के सामूहिक विवाह करवाए बाबा मरस पोटा धाम धार्मिक आस्था के साथ-साथ सामाजिक समरसता का भी केंद्र बन चुका है। पिछले वर्षों में बाबा मरस पोटा धाम में नवरात्रि के नौ दिवसीय भंडारे, शिव महापुराण कथा, हनुमान जन्मोत्सव पर विशाल भंडारे के साथ-साथ अब तक 40 निर्धन कन्याओं का सामूहिक विवाह संपन्न कराया जा चुका है।
विशाल प्रतिमाएं बनीं आकर्षण का केंद्र बाबा मरस पोटा धाम में स्थापित विशाल और कलात्मक प्रतिमाएं श्रद्धालुओं के आकर्षण का प्रमुख केंद्र हैं। धाम परिसर में 21 फीट ऊंची श्रीहनुमान की प्रतिमा, 17 फीट ऊंची जय मां महाकाली की विशाल प्रतिमा, 18 फीट के नंदी महाराज, 12 ज्योतिर्लिंग की अनुकृति है। साथ ही न्याय के देवता शनिदेव, विशाल कछुआ, श्रीगणपति की मनमोहक प्रतिमाएं स्थापित हैं। धाम में वर्तमान में 41 फीट ऊंचे भव्य त्रिशूल का निर्माण कार्य जारी है।

