राजनांदगांव , त्योहारी सीजन में लंबी दूरी की ट्रेनों में कन्फर्म बर्थ नहीं मिल रही हैं। स्लीपर से लेकर थर्ड एसी तक लंबी वेटिंग की स्थिति है। रक्षाबंधन के ठीक पहले ऐसी ही स्थिति बनी हुई है। इसके बाद सितंबर तक 25 एक्सप्रेस ट्रेनें भी रद्द रहेंगी। इससे लंबी ट्रेनों में अक्टूबर तक राहत की स्थिति नहीं हैं।
रक्षाबंधन का त्योहार 28 अक्टूबर को मनाया जाएगा। इसके पहले दिल्ली, मुंबई, पश्चिम बंगाल, बिहार और उत्तर प्रदेश की ओर जाने वाली सभी ट्रेनें फुल हैं। इन रूटों की एक्सप्रेस ट्रेनों में एसी- 3 में ही वेटिंग की स्थिति 50 से अधिक है। स्लीपर कोच में वेटिंग 70 के पार हो गई है। इससे त्योहार में घर लौटने वालों की चिंता बढ़ गई है। ट्रेनों में बढ़े दबाव का असर लंबी दूरी की यात्री बसों में भी बनी हुई है। यात्री बसों में भी कन्फर्म बर्थ नहीं मिल रहा है। वहीं किराए में भी 200 से 400 रुपए तक इजाफा हो गया है। यह यात्रियों के लिए परेशानी वाला साबित हो रहा है।
सावन में उज्जैन, काशी, भीमाशंकर, पुणे जैसे स्थलों में जाने वाली ट्रेनों में भी लंबी वेटिंग की स्थिति बनी हुई है। इन रूटों पर चलने वाली ट्रेनों के स्लीपर कोच में डेढ़ महीने पहले से वेटिंग की स्थिति है। वहीं एसी- 3 में भी 30 से 35 तक की वेटिंग बनी हुई है। इसके चलते सावन के महीने में इन धार्मिक स्थलों में जाने वाले यात्रियों को अपना प्लान बदलना भी पड़ा है। मौजूदा समय में भी इन रूटों की ट्रेनों में ऐसी स्थिति बनी हुई है।
इन प्रमुख ट्रेनों में बढ़ी हुई वेटिंग ने बढ़ाई दिक्कत यूपी की ओर जाने वाली सारनाथ एक्सप्रेस, गोंदिया-बरौनी, दुर्ग-नौतनवा एक्सप्रेस ट्रेनों में स्लीपर में 55 और एसपी-3 में वेटिंग की स्थिति 20 से 25 बनी हुई है। इसी तरह दिल्ली रूट की गोंडवाना एक्सप्रेस, समता एक्सप्रेस, छग एक्सप्रेस में भी वेटिंग 40 के पार बना हुआ है। इसी तरह मुंबई रुट की गीतांजलि एक्सप्रेस, ज्ञानेश्वरी एक्सप्रेस, एलटीटी एक्सप्रेस में कन्फर्म टिकट नहीं हैं। यहां वेटिंग एससी व स्लीपर में ही 50 के पार हैं।
राजनांदगांव में दो दशक से नई ट्रेनों का स्टापेज नहीं लंबी दूरी की ट्रेनों में बढ़ी वेटिंग और यात्रियों को नहीं मिल रही राहत के पीछे नए ट्रेनों का स्टापेज नहीं मिलना भी बड़ी वजह है। दरअसल शहर के स्टेशन से 20 से अधिक एक्सप्रेस ट्रेनें ऐसी गुजरती हैं। जिनका स्टापेज राजनांदगांव स्टेशन में नहीं हैं। करीब 20 साल से इन ट्रेनों के स्टापेज का प्रयास जारी है। लेकिन अब तक प्रमुख ट्रेनों का स्टापेज नहीं मिल सका है। इसकी वजह यात्री गिनती के ट्रेनों के भरोसे ही हैं।
सितंबर में 20 एक्सप्रेस रद्द रहेंगी, दिक्कत और बढ़ेगी इधर मरम्मत कार्यों और नई लाइन के लिए लगातार ट्रेनों को रद्द भी किया जा रहा है। जो दोगुनी मुसीबत बन रही हैं। रेलवे ने चक्रधर मंडल में पांचवीं रेल लाइन के काम के लिए 25 सितंबर से 14 अक्टूबर तक 18 एक्सप्रेस ट्रेनों को रद्द करने का निर्णय लिया हैं। इनमें इतवारी-टाटानगर एक्सप्रेस, नांदेड-संतरागाछी, एलटीटी-संतरागाछी, हटिया-दुर्ग, हावड़ा-सीएसएमटी दुरंतो सहित अन्य ट्रेन शिामल है। इस दौरान सफर मुश्किल भरा होगा।

