डोंगरगांव l श्रीशांतिनाथ जैन श्वेताम्बर मंदिर में साध्वी आज्ञांजना श्रीजी मसा, साध्वी आगमरूचि श्रीजी मसा के सानिध्य में लगातार 31 दिनों तक प्रतिदिन रात्रि में श्रीदादागुरु इकतीस का पाठ किया गया। भक्ति और श्रद्धा से जुड़े इस आयोजन में समाज के विभिन्न वर्गों के श्रावक-श्राविकाओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।
धार्मिक मान्यता के अनुसार दादागुरु इकतीस का पाठ गुरु भक्ति, श्रद्धा और आध्यात्मिक साधना से जुड़ा है। नियमित पाठ और सामूहिक भक्ति से साधकों को मन की एकाग्रता, सकारात्मकता तथा आत्मिक शांति का अनुभव करने की प्रेरणा मिलती है। सामूहिक रूप से एक लय में पाठ करने से वातावरण भक्तिमय बना रहा और समाज के लोगों को एक साथ जुड़ने का अवसर मिला।
कार्यक्रम के दौरान प्रतिदिन उपस्थित होने वाले श्रद्धालुओं को एक-एक कूपन दिया गया। 31 दिनों के आयोजन के समापन पर कूपन की काउंटर कॉपी के माध्यम से ड्रा निकाला गया। इसमें प्रथम पुरस्कार दीपिका गोलछा, द्वितीय पुरस्कार तोषी गोलछा, तृतीय पुरस्कार निर्मला नखत, चतुर्थ पुरस्कार रिद्धि योगिता लोढ़ा को मिला।
इसके अलावा ड्रा के माध्यम से 61 सांत्वना पुरस्कार भी प्रदान किए गए। पूरे आयोजन में पुष्पा कोचर, श्रद्धा बोहरा, सुनीता नखत, रश्मि जैन, रमन नाहटा सहित अन्य समाजजनों का सहयोग रहा। आयोजन ने धार्मिक आस्था के साथ समाज में सामूहिक सहभागिता को और मजबूत किया।

