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योगी आदित्यनाथ के मंत्री के किस बयान पर कुमार विश्वास बोले ‘हुजूर ठीक ही कहते होंगे’

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उत्‍तर प्रदेश सरकार ने बृहस्पतिवार को विधानसभा में कहा क‍ि कोरोना महामारी के समय प्रदेश में आक्सीजन की कमी से किसी भी व्यक्ति की मौत की सूचना उनके पास नहीं है। इसके साथ ही यूपी के स्वास्थ्य मंत्री की ओर से यह भी दावा किया गया कि उत्तर प्रदेश में आक्‍सीजन की कमी से किसी की मौत हुई ही नहीं है। प्रश्नकाल के दौरान कांग्रेस सदस्य दीपक सिंह के सवाल के जवाब में प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री जय प्रताप सिंह ने ये जवाब दिया तो सदन में जमकर हंगामा हुआ।

मंत्री महोदय का यह बयान फिलहाल इंटरनेट मीडिया पर वायरल है। वहीं, इस पर राजनीतिक और सामाजिक विषयों पर लगातार अपनी प्रतिक्रिया देने वाले देश के जाने माने कवि कुमार विश्वास ने ट्वीट कर तंज कसा है, हालांकि, उन्होंने अपने ट्वीट में किसी का नाम नहीं लिया है। उन्होंने तंज के लहजे में कहा कि मंत्री महोदय ने कोरोना के चलते आक्सीजन की कमी से मौत पर जो भी बयान दिया है वह ठीक ही दिया होगा।

उत्तर प्रदेश में कोरोना की दूसरी लहर के दौराना कोरोना पीड़ित किसी भी शख्स की आक्सीजन की कमी से मौत नहीं होने वाले बयान पर कुमार विश्वास ने ट्वीट किया है- ‘हुज़ूर, आप कहते हैं तो फिर ठीक ही कहते होंगे।’ इसी ट्वीट में उन्होंने लिखा है- ‘सवाल-क्या कोरोना की दूसरी लहर में,यूपी में ऑक्सीजन की कमी से मौतें हुई हैं ?जवाब-प्रदेश में कोरोना की दूसरी लहर में ऑक्सीजन की कमी से किसी व्यक्ति की मृत्यु सूचित नहीं हुई है, विधानसभा में स्वास्थ्य मंत्री जयप्रताप सिंह का जवाब।’ 

गौरतलब है कि विधानसभा में उत्‍तर प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री जय प्रताप सिंह ने अपने बयान में कहा कि अस्पताल में भर्ती मरीज की मौत होने पर उसका मृत्यु प्रमाण पत्र डाक्टर लिखकर देते हैं। प्रदेश में अब तक कोविड-19 के कारण जिन 22,915 मरीजों की मृत्यु हुई है उनमें से किसी के भी मृत्यु प्रमाण पत्र में कहीं भी आक्सीजन की कमी से मौत का जिक्र नहीं है।

गौरतलब है कि कोरोना वायरस संक्रमण की दूसरी लहर के दौरान अप्रैल और मई महीनों में देशभर में कोहराम मचा था, जिसमें हजारों की संख्या में लोगों अपनी जान गंवानी दी। कोरोना वायरस से संक्रमित मरीजों की संख्या में इतनी तेजी से इजाफा हुआ कि उन्हें अस्पताल तक नसीब नहीं हुए। 

गौरतलब है कि अगले साल की पहली तिमाही में उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2022 होने हैं। इसमें कोरोना वायरस संक्रमण की दूसरी लहर के दौरान पैदा हुई तथाकथित स्वास्थ्य को लेकर पैदा हुई अव्यवस्था को विपक्ष मुद्दा बना सकता है।

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