नेटवर्क की पहुंच से हुआ काम आसान
नियद नेल्ला नार योजनांतर्गत चिन्हांकित गाँवों में नेटवर्क लग जाने से बीसी सखी दीदीयों के द्वारा पैसे का लेन देन किया जा रहा है। आधार इनेबल मशीन की सहायता से हितग्राहियों को आवश्यकतानुसार उनके खाते से पैसे निकालकर भुगतान भी किया जा रहा है। बीसी सखी के द्वारा उनके गाँव में घर घर जाकर उनका जनधन खाता भी खोला जा रहा है।
’दिसम्बर में ग्रामीणों को 67 हज़ार का भुगतान’: घर पहुंच बैंकिंग सुविधा से ग्रामीण हुए खुश
नियद नेल्ला नार योजनांतर्गत गाँव सिलगेर, एलमागुण्डा, दुलेड़, परिया, दुब्बामरका और सामसट्टी में 6 बीसी सखियों भारती कोरसा, सुष्मिता माडकाम, पोड़ियाम कोइंदे, माडवी राजू, वंजाम जोगी और मीडियाम मनोज के द्वारा नक़द लेन देन संबंधी कार्य सहजता से किया जा रहा है। उनके द्वारा दिसंबर माह में कुल 106 हितग्राहियों को ऑनलाइन ट्रांजेक्शन के माध्यम से लगभग 67 हज़ार रुपये का भुगतान किया गया। दूरस्थ गांवों में ग्रामीणों के द्वारा बैंकिंग सेवा के माध्यम से पैसा आहरण करना बहुत बड़ी उपलब्धि है। वे अपने खाते से 100, 200 तो कभी 500 रुपये का आहरण कर रहे हैं। घर पहुंच पैसा मिल जाने से ग्रामीण बहुत खुश हैं।
