राजनांदगांव , गणेश पंडालों में चढ़े फूलों से अब अगरबत्ती बनेगी। समूह महिलाओं ने गणेश चतुर्थी से अभियान का श्रीगणेश किया है। अब फूल नदी तालाबों में नहीं जाएंगे इससे प्रदूषण नहीं होगा। नदी तालाबों को प्रदूषण से बचाने महिलाओं ने पहल की है। आज से महिलाएं गणेश पंडालों से फूल एकत्रित कर अगरबत्ती बनाएंगी। इसके लिए गांव और शहरों में प्रचार किया गया वहीं समितियों ने उन्हें फूल प्रदान करने सहमति दी और अभियान की सराहना की। अभियान से 3 जिले के 150 गांवों में 500 से महिलाएं जुड़ीं है।
गणेश जी के पंडालों से फूल एकत्र कर अगरबत्ती बनाएंगी। इसकी बिक्री से समूह की महिलाओं को रोजगार मिलने के साथ आय प्राप्त होगी। गणेश उत्सव में श्रद्धा के साथ पंडालों में चढाएं जाने वाले फूल अब नदी-तालाबों में प्रदूषण की वजह नहीं बनेंगे। पर्यावरण संरक्षण के साथ महिलाओं को रोजगार से जोड़ने वाली मुहिम के तहत आज से गणेश पंडालों से फूल एकत्र करने का अभियान शुरू किया गया। समूह की महिलाएं पंडालों से फूल एकत्र करेंगी। इन्हीं फूलों से अगरबत्ती तैयार की जाएगी।
दस सालों से चल रहे अभियान की सराहना अभियान प्रमुख शिव कुमार देवांगन ने बताया कि यह अभियान पिछले करीब 10 सालों से चल रहा है और अब तीन जिलों के 150 गांवों की 500 से ज्यादा महिलाएं इससे जुड़ी हैं। गणेश पंडालों में भगवान गणेश को अर्पित किए गए फूलों को अगले दिन एकत्र किया जाएगा। इस अभियान से जुड़ी महिला समूह की सदस्य ई-रिक्शा से पंडालों और संबंधित स्थानों से फूल जुटाएंगी। एकत्र फूलों को समूह की महिलाओं तक पहुंचाया जाएगा, इन्हें सुखाकर अगरबत्ती बनाने इस्तेमाल किया जाएगा।
