राजनांदगांव , बिजली की दरों में वृद्धि के विरोध में शहर व ग्रामीण कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में बुधवार को मठपारा स्थित बिजली कंपनी के डिवीजन कार्यालय के सामने प्रदर्शन किया। कांग्रेस ने बढ़ी दरों को जनता पर बिजली का करंट करार देते हुए सरकार पर वार किया। सैकड़ों कांग्रेस कार्यकर्ताओं, पदाधिकारियों, महिला कांग्रेस, युवा कांग्रेस, एनएसयूआई, सेवा दल तथा विभिन्न प्रकोष्ठों के सदस्यों ने भाजपा सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का पुतला दहन किया और बिजली दर वृद्धि वापस लेने की मांग की।
शहर जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष जितेंद्र मुदलियार ने कहा कि भाजपा सरकार लगातार मध्यम और गरीब वर्ग पर महंगाई का बोझ लाद रही है। घरेलू उपभोक्ताओं, व्यापारियों और किसानों पर बिजली दरों में वृद्धि थोपकर सरकार ने जनता की जेब पर सीधा हमला किया है। कहा कि एक ओर लोगों को पर्याप्त बिजली नहीं मिल रही है, दूसरी ओर मनमाने बिजली बिल भेजे जा रहे हैं। खरीफ सीजन के ठीक पहले किसानों पर कृषि विद्युत दर बढ़ाकर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डाला गया है, जो पूरी तरह अन्यायपूर्ण है।
दरों में वृद्धि ने लोगों की मुश्किलें और बढ़ा दी: ग्रामीण जिला कांग्रेस अध्यक्ष विपिन यादव ने कहा कि यह प्रदर्शन केवल शुरुआत है। बढ़ती महंगाई, बिजली संकट और जनविरोधी निर्णयों के खिलाफ जनता का आक्रोश अब सड़कों पर दिखाई देने लगा है। कहा कि भाजपा सरकार आम नागरिकों, किसानों और छोटे व्यापारियों की समस्याओं से पूरी तरह बेपरवाह है। जनता पहले से ही बिजली कटौती और अव्यवस्थाओं से परेशान है, ऐसे समय में दरों में वृद्धि ने लोगों की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस जनता की आवाज बनकर संघर्ष करेगी।
लोकतांत्रिक तरीके से विरोध किया जाएगा कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि बिजली दर वृद्धि का निर्णय वापस नहीं लिया गया तो जिले भर में आंदोलन को और तेज किया जाएगा तथा गांव-गांव और वार्ड-वार्ड में जनजागरण अभियान चलाकर जनता को सरकार की जनविरोधी नीतियों से अवगत कराया जाएगा। कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि जनता के हितों पर कुठाराघात करने वाले हर निर्णय का लोकतांत्रिक तरीके से पुरजोर विरोध किया जाएगा। इस दौरान धनेश पाटिला, श्रीकिशन खंडेलवाल, आफताब आलम, मेहुल मारू, रूपेश दुबे, विवेक वासनिक, भागवत साहू, पदम कोठारी, राकेश जोशी, रूबी गरचा, पप्पू धकेता, कमलजीत सिंग पिंटू, मामराज अग्रवाल, रमेश डाकलिया, अशोक पंजवानी, सूर्यकांत जैन आिद मौजूद थे।
