राजनांदगांव , जिले के औद्योगिक विकास को नई गति देने बड़ी परियोजना पूरी हो गई है। बिजली कंपनी ने 220-132 केवी लिटिया-सेमरिया उपकेंद्र में 160-160 एमवीए क्षमता के दो नए पावर ट्रांसफॉर्मरों का सफल ऊर्जीकरण कर 320 एमवीए की अतिरिक्त ट्रांसफॉर्मेशनल क्षमता जोड़ दी है। इससे राजनांदगांव और दुर्ग क्षेत्र की विद्युत आपूर्ति मजबूत और विश्वसनीय हो जाएगी। पटेवा में प्रस्तावित इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर ईएमसी-2.0 सेमी कंडक्टर पार्क और बीजेभांठा क्षेत्र में बिजली पहुंचाने का रास्ता साफ हो गया है।
प्रबंध निदेशक राजेश कुमार शुक्ला की मौजूदगी में पहले ट्रांसफॉर्मर का ऊर्जीकरण किया गया। दोनों ट्रांसफॉर्मरों के चालू से उपकेंद्र की क्षमता में 320 एमवीए की वृद्धि हुई है। बिजली कंपनी के अनुसार यह क्षमता आगामी वर्षों की बढ़ती औद्योगिक और घरेलू बिजली मांग को पूरा करने में अहम रहेगी। जिले में प्रस्तावित सेमी कंडक्टर पार्क और औद्योगिक क्षेत्रों के लिए बिजली पहुंचेगी। इससे इन परियोजनाओं के लिए आवश्यक पारेषण व्यवस्था मजबूत होगी, निवेश आकर्षित करने में मदद मिलेगी। नए उद्योग लगने की संभावना बढ़ेगी, रोजगार बढ़ेंगे।
प्रबंध निदेशक राजेश कुमार शुक्ला ने कहा राज्य में औद्योगिक विकास और उपभोक्ताओं को बिजली उपलब्ध कराने पारेषण नेटवर्क का विस्तार और आधुनिकीकरण किया जा रहा है। लिटिया-सेमरिया उपकेंद्र में बढ़ी क्षमता मांग के साथ भविष्य की जरूरतों को भी पूरा करने में सक्षम होगी। लाभ दुर्ग से लेकर राजनांदगांव तक के उपभोक्ताओं को मिलेगा।
