राजनांदगांव , ग्राम झूराडबरी (मनगट्टा) में प्रस्तावित बायो-सीएनजी गैस प्लांट को लेकर ग्रामीणों का विरोध तेज हो गया है। पूर्व जिला पंचायत उपाध्यक्ष सुरेंद्र दास वैष्णव के नेतृत्व में सैकड़ों ग्रामीणों ने छत्तीसगढ़ विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह से मुलाकात कर इस परियोजना पर तत्काल रोक लगाने की मांग की है।
उल्लेखनीय है कि राजनांदगांव तहसीलदार कार्यालय द्वारा समाचार पत्रों में प्रकाशित विज्ञापन के बाद से ही एकमात्र चारागाह की जमीन पर प्लांट लगाए जाने का विरोध शुरू हो गया था। ग्राम पंचायत मुढ़ीपार के आश्रित ग्राम झूराडबरी के लगभग 9 हेक्टेयर भूमि पर यह संयंत्र प्रस्तावित है। ग्राम पंचायत ने इसके विरोध में सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित कर तहसीलदार कार्यालय को सौंप दिया है। वहीं, सैकड़ों ग्रामीणों ने अपनी लिखित आपत्तियां भी न्यायालय में दर्ज कराई हैं, जिनकी सुनवाई की तारीख तय की गई है।
पर्यावरण और हिरण पार्क पर खतरे की आशंका: डॉ. रमन सिंह से मुलाकात के दौरान ग्रामीणों ने बताया कि इस संयंत्र के निर्माण से क्षेत्र में भारी प्रदूषण फैलेगा, जल संसाधन प्रभावित होंगे और शांति-व्यवस्था पर भी असर पड़ेगा। ग्रामीणों ने ध्यान दिलाया कि डॉ. रमन सिंह के कार्यकाल में ही निकट स्थित मनगट्टा में ”वन चेतना केंद्र” और हिरण पार्क की स्थापना की गई थी।
ऐसे में इस प्रकार के औद्योगिक प्लांट से क्षेत्र के पर्यावरणीय विकास और पर्यटन को भारी नुकसान पहुंचेगा। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने इस विषय में जिला कलेक्टर से तत्काल चर्चा करने और जनभावनाओं के अनुरूप जरूरी कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
