अलीगढ़- अलीगढ़ के इगलास कोतवाली क्षेत्र के एक गांव में 12 वर्षीय मौसेरे भाई की हवस का शिकार बनी चार साल की मासूम ने रविवार को इलाज के दौरान दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में दम तोड़ दिया। रविवार को ही उसे जेएन मेडिकल कॉलेज अलीगढ़ से दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल के लिए रेफर किया गया था। पोस्टमार्टम के बाद शव परिवार वालों के सुपुर्द कर दिया गया। देर रात तक शव का अंतिम संस्कार नहीं हो सका था। इस घटना के बाद से सादाबाद का माहौल गरमा गया है। मौत के बाद परिजन बच्ची का शव लेकर गांव आ गए और मथुरा रोड पर जाम लगा दिया। काफी देर तक शव को रखकर परिजनों और गांव वालों ने प्रदर्शन किया जिसके बाद पुलिस व प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और जैसे तैसे समझा-बुझाकर जाम खुलवाया।
इस घटना में लापरवाही के आरोपों में एसएसपी अलीगढ़ ने एसएचओ इगलास प्रवीण कुमार मान को निलंबित कर दिया है। परिवार ने सादाबाद में जाम लगाकर एसएचओ पर शुरुआती शिकायत पर लापरवाही का आरोप लगाया। जिसके बाद घटना को गंभीरता से न लेने पर उनके खिलाफ कार्रवाई हुई। अभी इगलास में किसी नए एसएचओ की तैनाती नहीं की गई है।
इस प्रकरण में डीएम अलीगढ़ चंद्रभूषण सिंह व एसएसपी अलीगढ़ मुनिराज जी ने कहा कि एक बच्ची के साथ मौसेरे भाई के द्वारा दुष्कर्म की घटना संज्ञान में आई है। इसके संबंध में इगलास थाने में संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज कर मुख्य आरोपी को जेल भेज दिया गया है। वहीं लापरवाही के चलते एसओ इगलास को निलंबित किया गया है। इसके साथ ही पीड़ित परिवार को 10 लाख रुपये की आर्थिक मदद भी दी जा रही है।
हाथरस जनपद के थाना सादाबाद के मई चौकी क्षेत्र के एक गांव निवासी व्यक्ति की पत्नी का जनवरी माह में निधन हो गया था। तीन माह पहले इगलास कोतवाली क्षेत्र के एक गांव निवासी उसकी साली बच्चों को अपने साथ ले आई थी।
अपने बेटे की शादी के 15 दिन बाद मौसी दोनों बेटों को गांव छोड़ आई जबकि बहन की दोनों बेटियों को अपने पास ही रख लिया था। 17 सितंबर को चार साल की मासूम मौसी के घर पर शौचालय में गंभीर हालत में पड़ी मिली थी। खेल रहे बच्चों ने उसकी हालत देखकर शोर मचाया तो ग्रामीण पहुंच गए और पुलिस व चाइल्ड हेल्प लाइन को खबर दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर बच्ची को शौचालय से निकाला और चाइल्ड लाइन की देखरेख में अस्पताल में उसे भर्ती कराया गया।
